प्रैस विज्ञप्ति – चंडीगढ 07 जुलाई, 2014

चंडीगढ 07 जुलाई, 2014 : चंडीगढ़ मौली जांगरां की आबादी 30 हजार से अधिक पहुंच चुकी है लेकिन अभी भी यहां के लोगों के उपचार के लिए केवल एक डिस्पेंसरी का सहारा है। गर्भवती महिलाओं और अगर किसी स्थानीय नागरिक को यहां चोट लग जाए तो उसे मनीमाजरा अस्पताल में जाना पड़ता है रात में भी यहां उपचार के लिए कोई भी सुविधा नहीं है उन्हें मनीमाजरा या चंडीगढ़ सेक्टर 16 के अस्पताल में ही जाना पड़ता है। यहां के स्थानीय लोग बहुत सालों से कहां एक अस्पताल बनाने की  मांग कर रहे हैं लेकिन प्रशासन ने  कभी भी इस तरफ ध्यान नहीं दिया। भाजपा पार्षद  रजिन्द्र रतू  भी काफी समय से यह  मांग उठा रही है उन्होंने ने इस बाबत कई बार  एडवाईजर और होम सेक्रेटरी जो कि हैल्थ सेक्रेटरी भी हैं, उन से  मुलाकात करके इस बारे में मांग की थी परंतु कांगे्रस सरकार ने यहां भाजपा का काउंसलर होने के कारण यहां कोई ध्यान नहीं दिया अब जब केंद्र में भाजपा की सरकार आई है तब उन्होंने फिर प्रशासन से मांग रखी है।

उन्होंने फार्मा सैल के संयोजक प्रिंस भंदूला से मुलाकात कर इस बारे में जानकारी दी आज भाजपा का प्रतिनिधि मंडल फार्मा सैल के संयोजक प्रिंस भंदूला और रजिन्द्र रतू की अध्यक्षता में स्वास्थ्य निदेशक डॉ. वी.के. गगनेजा से मिला।  इस प्रतिनिधि मंडल में इन्द्रजीत काला भाजपा सचिव, मुकेश राय मंडल प्रधान, सुभाष मौर्या, श्याम और अश्वनी प्राशर इत्यादि भी शामिल थे। प्रतिनिधि मंडल ने मौली जागरां में 100 बिस्तरों वाला अस्पताल बनाने की मांग की है। डॉ. वी.के. गगनेजा ने प्रतिनिधि मंडल को आश्वासन दिया है कि वह जल्दी से जल्दी इसका समाधान करेंगे।